उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने किया सहसपुर लोहरा में नव निर्मित थाना भवन का लोकार्पण 3 नए कानूनों के लागू होने का उत्सव मनाया गया
Deputy Chief Minister Shri Vijay Sharma inaugurated the newly constructed police station building in Sahaspur Lohra. Celebration of implementation of 3 new laws was celebrated.

The Narad News 24,,,,कबीरधाम में 1 जुलाई, 2024 जिला कबीरधाम के थाना सहसपुर लोहरा में आज एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री, माननीय श्री विजय शर्मा, ने नव निर्मित थाना भवन का लोकार्पण किया। इस अवसर पर जिले के पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक पल्लव (भा पु से), अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री विकास कुमार (भा पु से), जिला पुलिस के अधिकारी, पुलिसकर्मी, और क्षेत्र के सम्मानित नागरिक उपस्थित रहे।

साथ ही आज से तीन नए आपराधिक कानून देसभर में लागू हो रहे हैं। इसमें आज से 1860 में बनी आईपीसी की जगह भारतीय न्याय संहिता 1898 में बनी सीआरपीसी की जगह भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता और 1872 के इंडियन एविडेंस एक्ट की जगह भारतीय साक्ष्य अधिनियम ले लेगी।

इस नए कानून की शुरुआत होते ही जिला कबीरधाम के थाना रेंगाखार में एक FIR दर्ज किया गया जिसे BNS के तहत दर्ज किया गया जो पीड़ित के आवेदन पर नए कानून के तहत दर्ज होने वाला देश का पहला FIR है .

स्वागत भाषण के दौरान पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक पल्लव ने नए थाना भवन के बारे में जानकारी दी कि यह भवन पुलिस हाउसिंग कारपोरेशन द्वारा मानकों का पालन करते हुए बनाया गया है। उन्होंने कहा,* “नया थाना भवन न केवल आधुनिक सुविधाओं से लैस है बल्कि इससे पुलिसकर्मियों की कार्यक्षमता में भी वृद्धि होगी।

इसके साथ ही, डॉ. पल्लव ने आज से लागू होने वाले तीन नए महत्वपूर्ण कानूनों के बारे में उन्होंने कहा, “ये नए कानून हमारी न्याय प्रणाली को और अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाएंगे, जिससे आम नागरिकों को न्याय मिलने में और भी आसानी होगी।”

उद्घाटन समारोह में बोलते हुए, उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा, “नव निर्मित थाना भवन से क्षेत्र में कानून व्यवस्था और अधिक सुदृढ़ होगी। इससे पुलिस की कार्यक्षमता में वृद्धि होगी और नागरिकों को त्वरित और प्रभावी सेवा प्रदान की जा सकेगी।”

उप मुख्यमंत्री ने इन नए कानूनों के लागू होने पर खुशी जताते हुए कहा, “ये कानून भारतीय न्याय प्रणाली में एक नई क्रांति लाएंगे। इससे न केवल अपराधों की जांच में तेजी आएगी बल्कि दोषियों को जल्द से जल्द सजा भी मिल सकेगी। नए कानूनों के माध्यम से आम नागरिकों को न्याय पाना और भी आसान होगा।”

भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) का उद्देश्य नागरिक सुरक्षा में सुधार लाना है। इसके तहत नागरिकों के अधिकारों और कर्तव्यों का स्पष्ट रूप से उल्लेख किया गया है, जिससे कानून का पालन करना और उसकी रक्षा करना आसान होगा।
भारतीय न्याय संहिता (BNS) का मुख्य उद्देश्य न्याय प्रणाली को अधिक प्रभावी और त्वरित बनाना है। इससे मामलों की सुनवाई में तेजी आएगी और न्यायालयों में लंबित मामलों की संख्या कम होगी।

भारतीय साक्ष्य अधिनियम (BSA) के तहत साक्ष्य प्रस्तुत करने के नियमों में सुधार किया गया है, जिससे न्यायालय में साक्ष्य प्रस्तुत करना और उसका मूल्यांकन करना अधिक पारदर्शी और न्यायसंगत होगा।
*माननीय उपमुख्यमंत्री ने दी कानून के विशेष प्रावधानों की जानकारी*
उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने नए कानूनों की विशेष प्रावधानों को जनता के समक्ष एक कानूनविद की भांति स्पष्ट किया। खास बात यह रही कि उन्होंने छत्तीसगढ़ी में लोगों को इस बारे में बताया, जिससे सभी उपस्थित लोगों को कानून की बारीकियों को समझने में आसानी हुई।
माननीय श्री विजय शर्मा ने कहा, “मोर छत्तीसगढ़ के भैया-बहिनी मन ला ये कानून के विशेष प्रावधान ला समझना जरूरी हे, ताकि ओमन अपन अधिकार अउ कर्तव्य ला जान सके।” उन्होंने सरल और सुलभ भाषा में नए कानून के महत्वपूर्ण परिवर्तनों और संशोधनों को स्पष्ट किया, जिससे सभी लोगों को समझ में आ सके।
इस कार्यक्रम के दौरान नगर पंचायत अध्यक्ष श्रीमती अनारा मुखी सही, नगर पंचायत अध्यक्ष स लोहरा, श्रे संतोष मिश्र, जनप्रतिनिधि लोहारा के साथ साथ अन्य गणमान्य नागरिकने उपस्थित रहे व आम जनता ने भी इस कार्यक्रम में बढ़-चढ़ कर हिस्सा लिया और खुशी जताई। एक स्थानीय निवासी ने कहा, “यह हमारे क्षेत्र के लिए गर्व की बात है कि यहां का थाना भवन अब और भी आधुनिक और सुविधाजनक हो गया है। साथ ही, नए कानूनों से हमें न्याय मिलने में और भी आसानी होगी।”

इस कार्यक्रम ने जिला कबीरधाम और विशेष रूप से थाना सहसपुर लोहरा के निवासियों के लिए एक नई दिशा प्रदान की है। इस कार्यक्रम के सफल आयोजन ने यह साबित कर दिया कि राज्य सरकार और कबीरधाम पुलिस नागरिकों की सुरक्षा और न्याय सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

