Amity University रायपुर में हॉस्टल कांड ABVP छात्र प्रदर्शन कर उचित न्याय की मांग ,कुलपति से
Amity University रायपुर में हॉस्टल कांड वाइस चांसलर के द्वारा डिप्टी डारेक्टर को बर्खास्त करने का आदेश बर्खास्त लेटर अभी तक जारी नहीं हुई क्या कारण है ?
Amity University रायपुर में हॉस्टल कांड वाइस चांसलर के द्वारा डिप्टी डारेक्टर को बर्खास्त करने का आदेश बर्खास्त लेटर अभी तक जारी नहीं हुई क्या कारण है ?
The Narad News 24,,,,,रायपुर BREKING NEWS AMITY UNIVERSITY में हुए हॉस्टल कांड जहाँ छात्रों को मारा पीटा गया, जहाँ छात्र कांच से चोटिल हुए और छात्रावास में चाकू छुरी दिखाई गयी और पीड़ितों को मारने की धमकी भरे फोन आये, शायद यह पहली बार देखने को मिला की कैंपस में रात को पुलिस का आना हुआ हो जहाँ कड़ी करवाई की अपेक्षा छात्र कर रहे थे वही देखने को मिला की आपके प्रशासन के बिमलेश चौहान, उप निर्देशक एमिटी, दोषी फैसल खान का बचाव करते दिखे व उनका पीड़ितों को खरी खोटी सुनाने का वीडियो भी सामने आया। बिमलेश का आरोपी फैसल से संबधं नया नहीं है जहाँ छात्रों ने बताया की यूं तो सभी हॉस्टल निवास छात्रों के वाहन हटवा दिए गए हैं. पर फैसल गाड़ी रखे हुए है। जहाँ सरे छात्र रात को बाहर नहीं आ सकते फैसल बिमलेश से मिलने रात के अंधेरे में जाता रहा है। आखिर ये रिश्ता क्या कहलाता है ?

श्री बिमलेश जी से परिचय पुराना है और ये याद है जब कुछ दिनों पहले ही उन्होंने कौन-कौन सी गालियां हमारे एक छात्र कार्यकर्ता को दी थी। छात्रों ने बताया कि ऐसी भाषा का प्रयोग उनके लिए नित्य मंत्र जप के सामान है और छात्रों ने यहाँ तक बताया है की वह रिकॉर्ड कहने के लिए तैयार हैं कि उन्हें तमाचे मारने वाला और गली देने वाला व्यक्ति कौन है यह वो बताएँगे ।

जब यह सब हो रहा था तब सिक्योरिटी गार्ड कहाँ थे? प्रॉक्टर कहाँ थे? पी दी सी कहाँ थे ? क्या आप सब वह नोटफिकेशन बना रहे थे जिसमे आप पोलिटिकल संगठी को एमिटी से बैन करना चाहते हैं? याद रखिये की विद्यार्थी परषिद कोई राजनैतिक संगठन नहीं है और आप के उस असंवैधानिक नोटिफिकेशन से बाध्य नहीं होता है।आपके विश्वविद्याय में मार्केटिंग की फैकल्टी है ही नहीं और फाइनेंस की फैकल्टी है भी तो बहुत जूनियर फैकल्टी है जिससे शैक्षणिक गुवत्ता खतरे में है।

छात्रों ने यह भी बताया कि जब वह मेडिकल लगाते हैं तक सब कुछ करने के बाद भी 15 प्रतिशत से ज्यादा एक्सेमशंस नहीं मिलता और उसमें भी तानाशाही बी कैपिंग की व्यवस्ता से छात्र नुकसान झेल रहा है।
छात्रों ने यह भी बताया की लिब्ररेरियन (सतीश व् अन्य कर्मचारी) भी श्री बिमलेश जी के नक़्शे कदम पर चलते हुए पढ़ते लिखते छात्रों को बहार भागने में और बदतमीजी करने में और शैक्षणिक चर्चा करने से रोकने में अपनी बड़ाई मानते हैं। यह भी देखने मिला है कि जब भी कुछ कारण वश कक्षा में न भी उपस्थित हो तब भी उस दिन कि अटेंडेंस काट ली जाती है

अतः विश्वविद्यालय प्रशासन से मांग की ABVP ने-
1. श्री बिमलेश अपना इस्तीफ़ा पेश कर भेद-भाव की राजनीति ख़तम करें।
2. फैसल जो की आरोपी है, उस पर कठोर से कठोर करवाई हो और उसे हॉस्टल से और विश्वविद्यालय से बर्खास्त किया जाए।
3. मेडिकल मामलों में पर्याप्त और पूर्ण (जब तक व्यक्ति स्वस्थ न हो जाए) तक की अटेन्डस दी जाए।
4. लाइब्रेरियन और सारे स्टाफ छात्रों से आदरपूर्वक और सम्मनित तरीके से बात करें । 5. फैकल्टी की अनुपस्थिति सभी को अटेंडेंस प्राप्त हो एमिटी यह स्पस्टीकरण दे की

उसके नोटिफिकेशन जिसमे पोलिटिकल एक्टिविटी बैन की गयी वह अब विद्यार्थी पर
लागु नहीं होगा चुकी सब राजनैतिक संगठन नहीं है।
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद छत्तीसगढ़ प्रान्त के यज्ञदत्त वर्मा प्रान्त मंत्री एबीवीपी और स्टूडेंट के द्वारा डिप्टी डारेक्टर बिमलेश के संरक्षण में अपराधों को बढ़ावा दिया जा रहा था बर्खास्त की मांग भारी संख्या में प्रदर्शन किया गया l प्रदर्शन को देखते हुवे वाइस चांसलर के द्वारा डिप्टी डारेक्टर को बर्खास्त करने का आदेश किया गया लेकिन इसकी कोई बर्खास्त लेटर अभी तक जारी नहीं हुई क्या कारण है 
गोर करने वाली बात ये है कि कैसे अभिभावक अपने बच्चे को यूनिवर्सिटी में शिक्षा के लिए भेजें।


