बर्खास्त सहायक शिक्षकों का समायोजन स्वागत योग्य-राधेश्याम साहू
Adjustment of dismissed assistant teachers is welcome- Radheshyam Sahu

The Narad News 24,,,,,,सूरजपुर- छत्तीसगढ़ मंत्रिपरिषद की बैठक में एक ऐतिहासिक निर्णय लेते हुए 2023 की सीधी भर्ती के तहत नियुक्ति उपरांत सेवा से हटाए गए 2621 बी.एड. योग्यताधारी सहायक शिक्षकों के समायोजन का रास्ता साफ कर दिया गया है। अब उन्हें “सहायक शिक्षक विज्ञान (प्रयोगशाला)” के पद पर समायोजित किया जाएगा। छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य के शिक्षा जगत में एक बड़ा निर्णय लेते हुए अपनी संवेदना का परिचय देते हुए महत्वपूर्ण फैसला लिया है। हालांकि बर्खास्त सहायक शिक्षकों का समायोजन कुछ शर्तों के साथ होगी। जिसमें योग्यता से लेकर प्रशिक्षण तक को पूरा करना शामिल हैं।
*राधेश्याम साहू ब्लॉक अध्यक्ष छ. ग.प्रदेश संयुक्त शिक्षक संघ रामानुजनगर ने बताया कि सर्वोच्च न्यायालय ने 11 अगस्त 2023 को आदेश दिया था कि B.Ed प्रशिक्षित अभ्यर्थियों की नियुक्तियां केवल 11 अगस्त 2023 से पहले तक ही मान्य होंगी। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के पालन के लिए D.Ed अभ्यर्थियों ने छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट की शरण ली और B.Ed प्रशिक्षित अभ्यर्थियों की नियुक्तियां खारिज करने की मांग की. इस पर B.Ed प्रशिक्षित अभ्यर्थियों ने भी याचिका लगाई. छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय ने 10 दिसंबर 2024 को एक महत्वपूर्ण आदेश दिया कि प्राथमिक विद्यालयों में नियुक्ति के लिए डीएड उम्मीदवारों को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। इस फैसले के बाद बीएड प्रशिक्षित सहायक शिक्षकों की सेवाएं समाप्त करने का आदेश जारी किया गया।बर्खास्त सहायक शिक्षकों ने लंबा संघर्ष करते हुए अंत तक हार नही मानी जिसका नतीजा ये हुआ कि सरकार ने आज मंत्रिमंडल की बैठक में ऐतिहासिक निर्णय लेते हुए राज्य सरकार ने सेवा से बाहर किए गए इन शिक्षकों को अब सहायक शिक्षक (विज्ञान प्रयोगशाला) के पद पर समायोजित करने का निर्णय लिया है। इस फैसले से न केवल हजारों शिक्षकों के भविष्य को सुरक्षा मिली है, बल्कि राज्य के स्कूलों में विज्ञान की प्रयोगात्मक शिक्षा को भी बल मिलेगा। लंबे समय से समायोजन की मांग कर रहे इन शिक्षकों और उनके परिवारों के लिए निश्चित ही राहत भरा निर्णय है।*
*इसके लिए छ. ग. प्रदेश सँयुक्त शिक्षक संघ की तरफ से सरकार का धन्यवाद ज्ञापित करते हुये ब्लॉक अध्यक्ष राधे साहू ने मांग की है कि वर्तमान में जो नियम विरुद्ध युक्तियुक्तकरण की कार्यवाही की जा रही है ,उस पर विधिसम्मत निर्णय लेते हुए सेटअप के आधार पर युक्तियुक्तकरण की कार्यवाही की जावे।*


